सौंफ के फायदे

सौंफ का प्रयोग आप कई तरीके से करते हो। सौंफ का प्रयोग वैदिक काल से होता आ रहा है। सेहत और सौंदर्य के लिए सौंफ एक प्रभावशाली और कारगर औषधी है। जिसके इस्तेमाल से आप निरोग और लंबी उम्र तक जी सकते हो। आधुनिक रूप से सौंफ में सोडियम, पोटेश्यिम, कैलश्यिम के तत्व पाये जाते है। आइये जानते हैं सौंफ में छिपे गुणें के बारे में, आखिर कैसे सौंफ अपकी सेहत के लिए अच्छी मानी गई है। आइये जाने सौंफ के आयुर्वेदिक फायदे हमारी सेहत के लिये (Ayurvedic Health Tips) :

सौंफ के स्वास्थवर्धक गुण
1. कमजोर आंखों के लिए सौंफ फायदेमेंद है। मि़श्री और सौंफ को बराबर लेकर पीस लें और सुबह शाम  1 से 2 चम्मच पानी के साथ लेने से आंखों की रोशनी बढ़ती है। और आंखों की कमजोरी भी दूर होती है।

2. खाना खाने के बाद सौंफ का सेवन करने से भोजन ठीक से पचता है।

3. यदि आपको खांसी की समस्या है तो शहद में 10 ग्राम अदरक और सौंफ मिलाकर कुछ दिनों तक नियमित सेवन करने से खांसी में लाभ मिलता है।

5. पेट दर्द होने पर आप सौंफ को भूनकर सेवन करें। यह पेट दर्द में राहत देती है। जी मचलाने पर भी सौंफ का सेवन करने से फायदा होता है।

दे डकारों में राहत
यदि आप खट्टी डकारों से परेशान हो तो पानी को गरम करके उसमें सौंफ और मिश्री डालें। और थोड़ा ठंडा होने पर सेवन करें।

गले की समस्या
गले की समस्या से परेशान हो या गले मे ंखराश बनी हुई हो तो सौंफ को चबांएं।

बढ़ाएं सुंदरता
सौंफ चेहरे की रौनक को बढा़ता है। यह खून को साफ करती है। इसके नियमित सेवन से चेहरा कांतिमान होता है।

दे कब्ज में राहत
सौंफ के नियमित सेवन से कब्ज जैसी पेट सबंधी बीमारी नहीं होती है।
रोज खाना खाने के बाद पीसी चीनी और पीसी सौंफ का मिश्रण का गुनगुने पानी के साथ सेवन करने से कब्ज की समस्या दूर होती है।
सौंफ का प्रयोग को आप खाने को जायकेदार और खूशबूदार बनाने के रूप में इस्तेमाल कर सकते हो।

दे दस्त में राहत
यदि दस्त रूक नहीं रहें हों तो आप सौंफ को घी में भूनें और थोडी सी चीनी डालकर उसका चूर्ण का सेवन करने से दस्त ठीक हो जाते हैं।
यदि छोटे बच्चों कों दस्त हो तो सौंफ को पानी में उबालें और बच्चे को पिलाते रहें। यह पतले दस्तों आदि को बंद कर देती है।
यदि खाने खाने के बाद मुख से बदबू आती हो ती सौंफ का सेवन करें।

दे बवासीर में राहत
यदि खूनी बवासीर हो तो धनिया, सौंफ, जीरा आदि को बराबर मात्र में लेकर इनका काढ़़ा बना लें । और 1 चम्मच देसी घी के साथ मिलाकर सेवन करने से बवासीर से राहत मिलती है।

पेट का भारीपन
खाना खाने के बाद पेट भारी सा लगने पर सौंफ को नींबू के रस में मिला लें और खाना खाने के बाद इसका सेवन करने से पेट के भारीपन की समस्या दूर होती है।

1. छोटे बच्चों की सेहत के लिए भी सौंफ अच्छी मानी जाती है। पानी में सौंफ को उबालकर उसका पानी बच्चे को देते रहने से बच्चे की कमजोरी दूर होती है।

2. गुलकंद के साथ सौंफ के चूर्ण को मिलाकर सेवन करने से गर्भपात की शिकायत दूर होती है।

3. जिन माताओं को दूध कम बनता हो वे सफेद जीरा, सौंफ और मिश्री के चूर्ण को मिलाकर 1 चम्मच दूध या पानी के साथ सेवन करें।

सौंफ आपके स्वास्थ और सेहत दोनों के लिए लाभदायक होती है। इसलिए सौंफ का प्रयोग अधिक से अधिक करें।

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